कोयला खदान का पानी अब बुझाएगा लोगों की प्यास 20 लीटर शुद्ध पानी मिलेगा सिर्फ 5 रुपये में..

RANCHI : जिस कोयला खदान से कभी देश को ऊर्जा मिलती थी अब वही खदान लोगों की प्यास बुझाने का काम करेगी। बंद हो चुकी कोयला खदानों में जमा पानी अब बेकार नहीं जाएगा बल्कि उसे शुद्ध कर सस्ती दर पर लोगों तक पहुंचाया जाएगा। की महत्वाकांक्षी ‘कोल नीर’ परियोजना के तहत खदानों के पानी को शुद्ध कर बोतलबंद पेयजल के रूप में बाजार में उतारने की तैयारी पूरी हो चुकी है। इस योजना का उद्घाटन केंद्रीय कोयला मंत्री अगले तीन से चार दिनों में कर सकते हैं।
इस परियोजना के तहत (बीसीसीएल) (सीसीएल) (एसईसीएल) और (एमसीएल) में माइन वाटर बॉटलिंग प्लांट स्थापित किए गए हैं। झारखंड में 30 जून को इस परियोजना के शुभारंभ की संभावना है।
बीसीसीएल की 46 खदानों से हर साल करीब 1280 लाख घनमीटर पानी निकलता है। अब इस पानी को आधुनिक तकनीक से शुद्ध कर बोतलों में भरकर बाजार में उपलब्ध कराया जाएगा। कोल नीर योजना के तहत 20 लीटर शुद्ध पेयजल की कीमत केवल 5 रुपये तय की गई है ताकि आम लोगों को बेहद कम कीमत पर सुरक्षित पेयजल मिल सके।
खदानों से निकलने वाला पानी सीधे पीने योग्य नहीं होता क्योंकि इसमें मिट्टी आयरन कैल्शियम मैग्नीशियम बैक्टीरिया और अन्य अशुद्धियां होती हैं। इसलिए इसे फिल्ट्रेशन और रिवर्स ऑस्मोसिस (आरओ) जैसी आधुनिक तकनीकों से कई चरणों में शुद्ध किया जाएगा। इसके बाद (बीआईएस) के मानकों के अनुसार गुणवत्ता जांच होगी और फिर पानी की बॉटलिंग कर बाजार में भेजा जाएगा।
कोल इंडिया और बीसीसीएल के अधिकारियों का कहना है कि यह परियोजना जल संरक्षण और पर्यावरण संरक्षण की दिशा में एक महत्वपूर्ण पहल है। इससे खदानों से निकलने वाले पानी का बेहतर उपयोग होगा स्थानीय समुदायों को सस्ता और शुद्ध पेयजल मिलेगा तथा भविष्य में इस योजना का दायरा भी बढ़ाया जाएगा।

