झारखंड में 2026 तक 16,775 आंगनबाड़ी केंद्र बनेंगे प्लेस्कूल, बच्चों को मिलेगा बेहतर माहौल…

Jharkhand: झारखंड सरकार ने 16,775 आंगनबाड़ी केंद्रों को बच्चों के लिए रिसोर्स बेस्ड प्लेस्कूल में बदलने का फैसला लिया है। यह काम 2023 में शुरू हुआ था और इसे मार्च 2026 तक पूरा करने का लक्ष्य है। इस योजना के तहत 3 से 6 साल के बच्चों को बेहतर पढ़ाई और पोषण मिलेगा।
इस योजना का पहला चरण शुरू हो चुका है जिसमें 6,850 आंगनबाड़ी केंद्रों को अपग्रेड किया जा रहा है। हर केंद्र को ₹1 लाख रुपये दिए जा रहे हैं ताकि वहां की सुविधा बेहतर की जा सके। इसके तहत एलईडी टीवी, पीने के लिए फिल्टर वाला पानी, पोषण वाटिका, खिलौने, बच्चों के लिए कुर्सी-मेज़ और उनकी कला से जुड़ा सामग्री दी जाएगी। जरूरी सामानों की टेंडर प्रक्रिया पूरी हो चुकी है और इनकी आपूर्ति शुरू हो गई है।
यह पूरी योजना ‘सक्षम आंगनबाड़ी और पोषण 2.0’ कार्यक्रम के तहत चलाई जा रही है। यह केंद्र सरकार की एक संयुक्त योजना है जिसमें आंगनबाड़ी सेवाएं, पोषण अभियान और किशोरी बालिकाओं की योजना को जोड़ा गया है। इसका उद्देश्य बच्चों, किशोरियों, गर्भवती और स्तनपान कराने वाली महिलाओं को पोषण, स्वास्थ्य और शुरुआती शिक्षा देना है।
इस योजना में डिजिटल निगरानी भी शामिल है जिससे पोषण ट्रैकर के जरिए बच्चों की सेहत और विकास पर नजर रखी जाएगी। झारखंड के जिन जिलों में सबसे ज्यादा आंगनबाड़ी केंद्रों को अपग्रेड किया जा रहा है उनमें गिरिडीह (1,271), साहिबगंज (1,063), गुमला (997), और हजारीबाग (880) शामिल हैं।
सरकार का यह कदम राज्य में बच्चों की शुरुआती शिक्षा और पोषण को एक नई दिशा देने वाला साबित हो सकता है।


