झारखंड स्वास्थ्य विभाग में 262 अभ्यर्थियों को मिला नियुक्ति पत्र, सीएम हेमंत सोरेन बोले- जनता की सेवा को सर्वोच्च प्राथमिकता दें

रांची: झारखंड के मुख्यमंत्री ने बुधवार को प्रोजेक्ट भवन में आयोजित एक समारोह के दौरान स्वास्थ्य विभाग की विभिन्न सेवाओं के लिए चयनित 262 अभ्यर्थियों को नियुक्ति पत्र सौंपे। इस अवसर पर उन्होंने नवनियुक्त कर्मियों को बधाई देते हुए कहा कि यह केवल नौकरी नहीं, बल्कि जनता की सेवा का महत्वपूर्ण अवसर है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार ने युवाओं को अपनी व्यवस्था का हिस्सा बनाया है और अब उनकी जिम्मेदारी है कि वे पूरी ईमानदारी, निष्ठा और संवेदनशीलता के साथ अपने कर्तव्यों का निर्वहन करें। उन्होंने कहा कि नौकरी मिलने के साथ जिम्मेदारियां भी बढ़ जाती हैं और जनता की अपेक्षाओं पर खरा उतरना प्रत्येक कर्मचारी का दायित्व है।
उन्होंने कहा कि सरकारी कर्मचारियों को मिलने वाला वेतन जनता के कर और संसाधनों से आता है, इसलिए हर कर्मचारी को अपने कार्य को जनसेवा के रूप में देखना चाहिए। विशेष रूप से स्वास्थ्य क्षेत्र में कार्यरत कर्मियों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है, क्योंकि उनका काम सीधे लोगों के जीवन और स्वास्थ्य से जुड़ा होता है।
मुख्यमंत्री ने कहा कि राज्य सरकार स्वास्थ्य सेवाओं को मजबूत बनाने के लिए लगातार प्रयास कर रही है। अस्पतालों में मानव संसाधन की कमी दूर करने के साथ-साथ आधारभूत सुविधाओं को भी बेहतर बनाया जा रहा है, ताकि राज्य के अंतिम व्यक्ति तक गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं पहुंच सकें।
इस मौके पर स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि राज्य में स्वास्थ्य व्यवस्था को और मजबूत करने के लिए जल्द ही बड़े पैमाने पर नियुक्तियां की जाएंगी। उन्होंने बताया कि झारखंड लोक सेवा आयोग (जेपीएससी) के माध्यम से 1200 चिकित्सकों की नियुक्ति प्रक्रिया जल्द पूरी की जाएगी। इसके अलावा 7500 एएनएम और जीएनएम की भी बहाली होगी, जिन्हें जिला अस्पतालों और अन्य स्वास्थ्य संस्थानों में तैनात किया जाएगा।
स्वास्थ्य मंत्री ने कहा कि सरकार डॉक्टरों की समस्याओं के समाधान के लिए लगातार काम कर रही है। चिकित्सकों को मानदेय, प्रोत्साहन राशि और अन्य सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं, जिससे उनका पलायन रुके और राज्य की स्वास्थ्य सेवाएं और बेहतर हो सकें।
वहीं स्वास्थ्य विभाग के अपर मुख्य सचिव ने बताया कि विभाग के अंतर्गत 56 खाद्य सुरक्षा पदाधिकारी, 151 विशेषज्ञ चिकित्सा पदाधिकारी, 29 अस्पताल प्रबंधक और 26 वित्त प्रबंधकों की नियुक्ति की जा रही है। उन्होंने नव नियुक्त अधिकारियों को खाद्य पदार्थों की गुणवत्ता की नियमित जांच सुनिश्चित करने और विशेषज्ञ चिकित्सकों से मरीजों को अनावश्यक रूप से रेफर नहीं करने की अपील की।
समारोह के अंत में मुख्यमंत्री ने सभी नवनियुक्त अभ्यर्थियों को शुभकामनाएं देते हुए कहा कि उनका समर्पण, सेवा भाव और कार्य संस्कृति झारखंड की स्वास्थ्य व्यवस्था को और मजबूत बनाएगी तथा जनता का विश्वास बढ़ाने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।

