JAC के समर्थन में उतरा मोर्चा, चेतावनी– संस्थान बंद किए तो सड़क पर करेंगे विरोध…

Jharkhand: वित्त रहित शिक्षा संघर्ष मोर्चा ने झारखंड अधिविध परिषद (JAC) द्वारा वित्त रहित इंटर कॉलेजों की सीटें बढ़ाने के फैसले का समर्थन किया है। मोर्चा ने साफ कहा है कि अगर अवधि विस्तार के नाम पर किसी संस्थान को बंद किया गया तो वे चुप नहीं बैठेंगे और सड़क पर आंदोलन करेंगे।
दरअसल शिक्षा सचिव उमाशंकर सिंह ने जैक को पत्र लिखकर यह सवाल उठाया था कि विभाग की ओर से 512 सीट तय किए जाने के बाद भी जैक कैसे सीटें बढ़ा रहा है और हर साल अवधि विस्तार के लिए आवेदन क्यों मंगा रहा है। सचिव ने इस प्रक्रिया में गड़बड़ी और भ्रष्टाचार की आशंका भी जताई है।
मोर्चा का कहना है कि जैक को वित्त रहित संस्थानों की सीटें बढ़ाने का पूरा अधिकार है। जैक एक स्वायत्त संस्था है जिस पर शिक्षा विभाग का सीधा नियंत्रण नहीं हो सकता। संस्थानों को हर साल अवधि विस्तार देने के बजाय स्थायी मान्यता दी जानी चाहिए।
मोर्चा ने चेतावनी दी है कि 30 जुलाई को अध्यक्ष मंडल की बैठक में आंदोलन की रणनीति बनाई जाएगी। वहीं 5 अगस्त को 75 प्रतिशत अनुदान वृद्धि की मांग को लेकर विधानसभा के सामने महाधरना भी होगा।
मोर्चा का आरोप है कि अगर बार-बार अवधि विस्तार के नाम पर संस्थान बंद किए जाते रहे तो शिक्षा व्यवस्था पर इसका बुरा असर पड़ेगा।


