Seraikela-Kharsawan: तुलिन गांव में बारिश बनी अभिशाप, ढह गए घर,बेघर हुए ग्रामीण, मदद की आस में टकटकी लगाए बैठे लोग…

Jharkhand: सरायकेला-खरसावां जिले के चांडिल अनुमंडल क्षेत्र स्थित दलमा सेंचुरी की तराई में बसे चिलगू पंचायत के तुलिन गांव पर इस बार की बारिश कहर बनकर टूटी है। लगातार हो रही तेज बारिश के कारण गांव के कई कच्चे घर भरभरा कर गिर गए जिससे दर्जनों परिवार बेघर हो गए हैं। खुले आसमान के नीचे रहने को मजबूर ग्रामीण अब प्रशासन से मदद की आस लगाए बैठे हैं।
बारिश के चलते ढहे हुए घरों को देखकर ग्रामीणों की आंखों में आंसू हैं। उनके पास न रहने को जगह है न खाने को पर्याप्त साधन। खेतों में लगी फसलें भी पानी में बर्बाद हो गई हैं। किसान मजबूरी में अपने उजड़े खेतों को देख आहें भर रहे हैं लेकिन ना कोई जनप्रतिनिधि आया न कोई अधिकारी।
ग्रामीणों का कहना है कि इस त्रासदी के बाद अब तक कोई नेता, मंत्री, दलमा वन विभाग या प्रखंड प्रशासन की ओर से मदद नहीं पहुंची है। लोग बच्चों और बुजुर्गों के साथ किसी सुरक्षित ठिकाने की तलाश में हैं। बारिश ने न केवल उनके घर छीने बल्कि आत्मविश्वास और भविष्य की उम्मीदें भी डगमग कर दी हैं।
तुलिन गांव के लोग अब सिर्फ प्रशासन की ओर उम्मीद लगाए बैठे हैं कि कब कोई आएगा और उन्हें छत, राशन और मरम्मत के लिए सहायता देगा। इस संकट की घड़ी में उन्हें तत्काल राहत सामग्री, अस्थायी आश्रय और खेती की बहाली के लिए साधनों की सख्त ज़रूरत है।

